नोएडा : जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन (JBF) ने श्वाब फाउंडेशन फॉर सोशल एंटरप्रेन्योरशिप के साथ साझेदारी में आज ‘सोशल एंटरप्रेन्योर ऑफ द ईयर’ (SEOY) इंडिया अवार्ड 2026 के 17वें संस्करण के पांच फाइनलिस्टों के नामों की घोषणा की है। साल 2009 में अपनी स्थापना के बाद से, एसईओवाई ने खुद को सामाजिक उद्यमिता के लिए भारत के सबसे प्रतिष्ठित मंचों में से एक के रूप में स्थापित किया है, जो देश की सबसे गंभीर सामाजिक चुनौतियों का समाधान करने वाले दूरदर्शी नेताओं और बड़े पैमाने पर लागू होने वाले (स्केलेबल) नवाचारों को मान्यता देता है।
यह वर्ष सामाजिक नवाचार के उभरते क्षेत्रों की बढ़ती प्रमुखता को दर्शाता है, जिसमें क्लाइमेट टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर, आजीविका (लाइवलीहुड्स), एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी और समावेशन (इन्क्लूजन) शामिल हैं। ये फाइनलिस्ट भौगोलिक विविधताओं, नेतृत्व शैलियों और सांगठनिक मॉडलों का एक समृद्ध प्रतिनिधित्व करते हैं, जिसमें सार्थक सामाजिक प्रभाव डालने के लिए प्रतिबद्ध लाभकारी (फॉर-प्रॉफिट) और गैर-लाभकारी (नॉन-प्रॉफिट) दोनों उद्यम शामिल हैं।
कुल 208 आवेदनों में से इन पांच फाइनलिस्टों को चुना गया है, जिनमें से लगभग 70% पहली बार आवेदन करने वाले थे। ये सभी सामाजिक प्रभाव, नवाचार, स्केलेबिलिटी, निरंतरता (सस्टेनेबिलिटी) और व्यवस्थागत बदलाव (सिस्टेमिक चेंज) की क्षमता का आकलन करने वाली एक सख्त बहु-स्तरीय मूल्यांकन प्रक्रिया के बाद आगे बढ़े हैं।
एसईओवाई (SEOY) इंडिया अवार्ड 2026 के पांच फाइनलिस्ट:
- डॉ. नेहा वर्मा (इन्टेलीहेल्थ – Intelehealth, महाराष्ट्र): ये वंचित समुदायों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा की पहुंच का विस्तार करने के लिए ओपन-सोर्स, एआई-सक्षम टेलीमेडिसिन बुनियादी ढांचे का लाभ उठा रही हैं।
- निधि पंत (साइंस फॉर सोसाइटी टेक्नो सर्विसेज प्रा. लि. / S4S टेक्नोलॉजीज, महाराष्ट्र): ये सौर ऊर्जा संचालित खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) समाधानों और बाजार से जुड़े ग्रामीण उद्यमिता के माध्यम से छोटे जोत वाले महिला किसानों को सशक्त बना रही हैं।
- नूनेसेनो चेस (यूथनेट – YouthNet, नागालैंड): ये शिक्षा, आजीविका, उद्यमिता और पर्यावरणीय निरंतरता पर केंद्रित पहलों के माध्यम से युवाओं के नेतृत्व वाले विकास को आगे बढ़ा रही हैं।
- विनय कुमार रेड्डी वड्डे (सिकल इन्नोवेशंस प्रा. लि., तेलंगाना): ये तकनीक-आधारित कृषि समाधानों का निर्माण कर रहे हैं जो कृषि उत्पादकता में सुधार करते हैं, फसल कटाई के बाद के नुकसान को कम करते हैं और किसानों की आय बढ़ाते हैं।
- विनीत सरैवाला (एटिपिकल एडवांटेज – Atypical Advantage, झारखंड): ये एक तकनीक-सक्षम रोजगार और कौशल विकास (स्किलिंग) प्लेटफॉर्म के माध्यम से दिव्यांग व्यक्तियों (पर्सन्स विद डिसेबिलिटीज) के लिए समावेशी आजीविका के अवसर पैदा कर रहे हैं।
विजेता का चयन और सम्मान
ये फाइनलिस्ट अब एक स्वतंत्र जूरी के सामने अपने काम को प्रस्तुत करेंगे, जिसके बाद 21 अगस्त 2026 को नई दिल्ली में जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन और श्वाब फाउंडेशन फॉर सोशल एंटरप्रेन्योरशिप द्वारा आयोजित एक विशेष समारोह में विजेता की घोषणा की जाएगी। विजेता श्वाब फाउंडेशन के सामाजिक नवप्रवर्तकों (सोशल इनोवेटर्स) के वैश्विक समुदाय में शामिल होगा, जबकि सभी फाइनलिस्ट स्टैनफोर्ड सीड ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम के लिए ‘हिंदुस्तान टाइम्स फेलोशिप’ हेतु आवेदन करने के पात्र होंगे।
इस घोषणा पर जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन के प्रमुख, श्री विवेक प्रकाश ने कहा:
“पिछले 17 संस्करणों में, सोशल एंटरप्रेन्योर ऑफ द ईयर इंडिया अवार्ड एक ऐसे मंच के रूप में विकसित हुआ है जो न केवल असाधारण सामाजिक उद्यमियों को पहचानता है बल्कि उन नवीन समाधानों को भी बढ़ावा देता है जो सार्थक और स्थायी प्रभाव पैदा करते हैं। इस वर्ष के फाइनलिस्ट भारत के सामाजिक नवाचार इकोसिस्टम की ताकत और विविधता को दर्शाते हैं, जो यह प्रदर्शित करते हैं कि कैसे उद्देश्य-संचालित नेतृत्व स्केलेबल और टिकाऊ मॉडल के माध्यम से जटिल सामाजिक चुनौतियों का समाधान कर सकता है। श्वाब फाउंडेशन फॉर सोशल एंटरप्रेन्योरशिप के साथ मिलकर, हम योग्य बदलावकर्ताओं को प्रेरित करने, सहयोग करने और उनके प्रभाव को बढ़ाने के लिए एक मंच प्रदान करके इस इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
श्वाब फाउंडेशन फॉर सोशल एंटरप्रेन्योरशिप के निदेशक डॉ. फ्रेंकोइस बोनिकी ने कहा:
“जैसे-जैसे भारत ‘विकसित भारत 2047’ के अपने दृष्टिकोण की ओर बढ़ रहा है, देश की समावेशी विकास यात्रा में सामाजिक उद्यमियों के योगदान को पहचानना महत्वपूर्ण है। पूरे भारत में, वे नवाचार को स्थानीय वास्तविकताओं की गहरी समझ के साथ जोड़कर ऐसे समाधान विकसित कर रहे हैं जो अवसरों का विस्तार करते हैं, लचीलापन मजबूत करते हैं और बड़े पैमाने पर जीवन में सुधार लाते हैं। इस वर्ष के सोशल एंटरप्रेन्योर ऑफ द ईयर इंडिया अवार्ड के फाइनलिस्ट अधिक समावेशी और टिकाऊ भविष्य में योगदान देने में सामाजिक नवाचार की क्षमता का प्रदर्शन करते हैं। जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन में अपने सहयोगियों के साथ मिलकर, हमें इन फाइनलिस्टों की उपलब्धियों का जश्न मनाने पर गर्व है – यह मान्यता उनके प्रभाव को बढ़ाएगी, दूसरों को प्रेरित करेगी और भारत के भविष्य को आकार देने में मदद करने वाले समाधानों के लिए अधिक समर्थन को प्रोत्साहित करेगी।”
एसईओवाई इंडिया अवार्ड के माध्यम से, जुबिलेंट भरतिया फाउंडेशन और श्वाब फाउंडेशन फॉर सोशल एंटरप्रेन्योरशिप उन नवोन्मेषी नेताओं को पहचानने और उनके काम को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं जो भारत के लिए एक अधिक समावेशी, टिकाऊ और न्यायसंगत भविष्य को आकार दे रहे हैं।
