यूरोस्कूल के छात्रों ने ICSE कक्षा 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 में शानदार शैक्षणिक प्रदर्शन के साथ हासिल की सफलता

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कक्षा 10वीं में 99.40% और कक्षा 12वीं में 99.00% अंकों के साथ शीर्ष प्रदर्शन; सभी कैंपस में दर्ज किए गए बेहतरीन परिणाम

भारत के अग्रणी K-12 स्कूल नेटवर्कों में से एक, यूरोस्कूल (EuroSchool) ने ICSE कक्षा 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 में उत्कृष्ट प्रदर्शन की घोषणा की है। दोनों ही कक्षाओं में 100% उत्तीर्ण परिणाम के साथ, स्कूल ने संतुलित स्कूली शिक्षा और भविष्य के लिए तैयार शिक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया है।

कक्षा 10वीं में उच्चतम स्कोर 99.40% रहा, जिसमें ठाणे कैंपस की तीन छात्राएं— तृषा नीलेश सावंत, काश्वी सिंघला और अनन्या सुमिथ— टॉपर रहीं। वहीं, कक्षा 12वीं में उच्चतम स्कोर 99.00% तक पहुँचा, जिसे उंद्री कैंपस की सारा शुक्ला और वाकड ICSE कैंपस के आदित्य अबा गुंजल एवं अदिति आशीष दमराजू ने हासिल किया।

यूरोस्कूल नेटवर्क के 270 से अधिक छात्रों ने विभिन्न विषयों में पूर्ण अंक (100/100) प्राप्त किए। यह प्रदर्शन यूरोस्कूल के उस दर्शन का प्रमाण है जो प्रत्येक शिक्षार्थी को आत्मविश्वास और स्पष्टता के साथ अपनी वास्तविक क्षमता खोजने में सक्षम बनाता है। दोनों ही कक्षाओं में बड़ी संख्या में छात्रों ने 95% से अधिक अंक प्राप्त किए।


परिणामों की मुख्य विशेषताएं

  • कक्षा 10वीं: ठाणे कैंपस 99.40% स्कोर करने वाले तीन टॉपर्स के साथ सबसे आगे रहा, इसके बाद ऐरोली और वाकड ICSE कैंपस से 99.20% के शीर्ष स्कोर के साथ शानदार परिणाम सामने आए।
  • कक्षा 12वीं: उंद्री कैंपस की सारा शुक्ला (साइंस स्ट्रीम) ने 99.00% के साथ शीर्ष स्थान प्राप्त किया। वाकड ICSE कैंपस के आदित्य अबा गुंजल और अदिति आशीष दमराजू ने भी 99.00% अंक हासिल किए।
  • विषय-वार उत्कृष्ट प्रदर्शन: ऐरोली की श्रावणी नवीन विरकर ने पॉलिटिकल साइंस में 100 अंक हासिल किए। सारा शुक्ला (उंद्री) ने फिजिक्स, केमिस्ट्री और फिजिकल एजुकेशन में 100 और बायोलॉजी में 99 अंक प्राप्त किए, जबकि सान्वी उदावत (उंद्री) ने सोशियोलॉजी में 100 अंक हासिल किए।

नेतृत्व और छात्रों के विचार

यूरोस्कूल ठाणे की प्रिंसिपल डॉ. ज्योत्स्ना मयदास ने कहा: “ISC और ICSE बोर्ड परीक्षाओं में हमारे छात्रों के शानदार प्रदर्शन को देखकर हमें अपार खुशी और गर्व हो रहा है। यूरोस्कूल में हमारा ध्यान केवल अंकों से परे आत्मविश्वास, साहस और जिज्ञासा पैदा करने पर होता है।”

कक्षा 10वीं की टॉपर तृषा नीलेश सावंत ने कहा: “यूरोस्कूल के सीखने के तरीके ने मुझे केवल रटने के बजाय अवधारणाओं (concepts) को समझने में मदद की। इससे परीक्षा के दौरान बहुत फर्क पड़ा और मैं आत्मविश्वास के साथ उत्तर दे सकी।”

यूरोस्कूल उंद्री की प्रिंसिपल सुश्री सीमा बहुखंडी ने साझा किया: “ये परिणाम न केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता को दर्शाते हैं, बल्कि एक सर्वांगीण शिक्षण पारिस्थितिकी तंत्र (learning ecosystem) की ताकत को भी दिखाते हैं।”

वाकड ICSE की प्रिंसिपल सुश्री रेणुका दत्ता ने कहा: “हमारे छात्रों के परिणाम अनुशासित शिक्षण और वैचारिक स्पष्टता को दर्शाते हैं। हम रटने के बजाय समझने पर जोर देते हैं।”

कक्षा 12वीं की टॉपर सारा शुक्ला ने अपनी सफलता पर कहा: “एकीकृत पाठ्यक्रम (integrated course) का हिस्सा होने के कारण मुझे IIT की तैयारी के साथ-साथ अपनी ICSE पढ़ाई को संतुलित करने में मदद मिली। अवधारणाओं को सरल तरीके से समझाने के कारण मैं बिना किसी दबाव के परीक्षा दे पाई।”

शैक्षणिक सफलता के साथ-साथ, यूरोस्कूल के छात्रों ने नेतृत्व की पहल, खेल और रचनात्मक गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेकर अपना सर्वांगीण विकास किया है। जैसे-जैसे छात्र अपनी शैक्षणिक यात्रा के अगले चरण में कदम रख रहे हैं, यूरोस्कूल उन्हें आत्मविश्वास और ज्ञान की मजबूत नींव के साथ भविष्य के अवसरों के लिए तैयार करने पर केंद्रित है।

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