तीन वर्षों से जारी परंपरा,350 शिवभक्तों ने पैदल बरमान से
लाया नर्मदा जल — पशुपतिनाथ मंदिर में किया जलाभिषेक
देवरीकला-: सावन माह के पावन अवसर पर महादेव परिवार द्वारा लगातार तीसरे वर्ष विशाल कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। धार्मिक आस्था और शिवभक्ति से ओतप्रोत इस यात्रा में करीब 350 कांवड़ यात्री शामिल हुए। श्रद्धालुओं ने बरमान से नर्मदा जल लेकर पैदल यात्रा करते हुए देवरी पहुंचकर भगवान शिव का अभिषेक किया।कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। यात्रा में लगभग 7 वर्ष की उम्र से लेकर 45 वर्ष तक के युवा एवं शिवभक्त शामिल रहे। कांवड़ यात्रियों ने पूरे मार्ग में भगवान शिव के जयकारों के साथ धार्मिक वातावरण बना दिया।देवरी नगर में प्रवेश के बाद कांवड़ यात्रा विभिन्न मार्गों से होकर निकाली गई। इस दौरान भगवान शिव से संबंधित विभिन्न आकर्षक झांकियां भी यात्रा का विशेष आकर्षण रहीं। झांकियों और कांवड़ यात्रियों के दर्शन के लिए नगरवासियों की भीड़ उमड़ पड़ी। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने कांवड़ यात्रियों का स्वागत किया।यात्रा के दौरान श्रद्धालु बरमान से पवित्र मां नर्मदा का जल लेकर देवरी पहुंचे और फूटा मंदिर स्थित पशुपतिनाथ मंदिर में विधि-विधान एवं श्रद्धाभाव के साथ भगवान शिव का मां नर्मदा के पवित्र जल से जलाभिषेक किया। जलाभिषेक के दौरान मंदिर परिसर हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष से गूंज उठा।जलाभिषेक के उपरांत श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद वितरण किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिवभक्तों के साथ महिलाएं,युवा और गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। पूरे आयोजन के दौरान भक्तिमय वातावरण बना रहा।महादेव परिवार द्वारा पिछले तीन वर्षों से सावन माह में इस पैदल कांवड़ यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। आयोजन से जुड़े श्रद्धालुओं का कहना है कि इस यात्रा का उद्देश्य सनातन संस्कृति,धार्मिक आस्था और भगवान शिव के प्रति श्रद्धा को जन-जन तक पहुंचाना है। लगातार तीसरे वर्ष आयोजित हुई इस विशाल कांवड़ यात्रा ने नगर में धार्मिक उत्साह और भक्ति का माहौल बना दिया।
