भारत में विकसित हो रहे स्वदेशी HALE UAV के लिए भारत फोर्ज और प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा के बीच साझेदारी, टर्बोप्रॉप इंजनों की संभावनाओं पर होगा काम

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नई दिल्ली: भारत के रक्षा क्षेत्र को ‘आत्मनिर्भर भारत’ पहल के तहत और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। भारत फोर्ज लिमिटेड और आरटीएक्स (RTX) की सहायक कंपनी प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा ने देश के स्वदेशी ‘हाई-एल्टीट्यूड, लॉन्ग-एंड्यूरेंस’ (HALE) मानवरहित हवाई वाहन (UAV) कार्यक्रम के लिए उन्नत टर्बोप्रॉप इंजनों के एकीकरण (Engine Integration) की संभावनाएं तलाशने के लिए एक रणनीतिक सहयोग की घोषणा की है। उल्लेखनीय है कि इस HALE UAV का डिजाइन और विकास भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) द्वारा किया जा रहा है।

साझेदारी की मुख्य विशेषताएं और जिम्मेदारियां

इस तकनीकी साझेदारी के तहत दोनों कंपनियां भारतीय रक्षा आवश्यकताओं के अनुरूप अगली पीढ़ी के ड्रोन्स के निर्माण और इंजन की अनुकूलता पर मिलकर काम करेंगी:

  • प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा की भूमिका: कंपनी अपने उन्नत टर्बोप्रॉप इंजनों की अनुकूलता, प्रदर्शन मानक और उनके सिस्टम में लगाने (Installation) से जुड़ी तकनीकी आवश्यकताओं का गहन मूल्यांकन करेगी।
  • भारत फोर्ज की भूमिका: भारत फोर्ज अपनी उन्नत इंजीनियरिंग, अत्याधुनिक विनिर्माण और एयरोस्पेस विशेषज्ञता का उपयोग करते हुए विमान के ढांचे (Airframe) के साथ इंजन को जोड़ने की संपूर्ण प्रक्रिया का नेतृत्व करेगी। इसमें इंजन इंस्टालेशन डिजाइन और विभिन्न प्रणालियों के बीच आवश्यक तकनीकी इंटरफेस विकसित करना शामिल है।

नेतृत्व के विचार

“भारत फोर्ज का एयरोस्पेस व्यवसाय प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा के साथ साझेदारी में भारत की स्वदेशी एयरोस्पेस और रक्षा निर्माण क्षमताओं को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। प्रैट एंड व्हिटनी की विश्व स्तर पर प्रमाणित प्रोपल्शन तकनीक और भारत फोर्ज की सिस्टम इंटीग्रेशन विशेषज्ञता मिलकर एक विश्वस्तरीय HALE प्लेटफॉर्म का निर्माण करेंगी, जो भारत की रक्षा तैयारियों को नई मजबूती देगा।”

— अमित कल्याणी, वाइस चेयरमैन और जॉइंट मैनेजिंग डायरेक्टर, भारत फोर्ज लिमिटेड

“यह सहयोग भारत की एयरोस्पेस और रक्षा महत्वाकांक्षाओं को मजबूती देने की हमारी निरंतर प्रतिबद्धता का प्रमाण है। प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा के टर्बोप्रॉप इंजनों का अत्यधिक चुनौतीपूर्ण परिचालन स्थितियों में विश्वसनीयता का एक लंबा इतिहास रहा है। भारत के HALE कार्यक्रम के लिए भी यही विश्वसनीयता सबसे महत्वपूर्ण होगी।”

— आशीष सराफ, वाइस प्रेसिडेंट और भारत प्रमुख, प्रैट एंड व्हिटनी

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