WHO ने गैर-संचारी रोगों (NCDs) पर अपनी पहली ग्लोबल रिपोर्ट जारी की है – 20 अक्टूबर 2026। रिपोर्ट में 2013 से 2022 तक 10 साल का डेटा लिया गया है।
रिपोर्ट के चौंकाने वाले आंकड़े:
- डायबिटीज: प्राथमिक शिक्षा से कम पढ़े लोगों में 14.8% लोगों को शुगर है, जबकि माध्यमिक या उससे ज्यादा पढ़े लोगों में सिर्फ 7.4% – यानी आधी।
- BP और शुगर एक साथ: कम पढ़े लोगों में मधुमेह के साथ हाई ब्लड प्रेशर होने का खतरा महिलाओं में 69.7% और ज्यादा पढ़े-लिखे वर्ग में 55% है।
- भारत में स्थिति और खराब: गरीब, अशिक्षित और ग्रामीण महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर की जांच ही नहीं हो रही। भारत में 2% से भी कम महिलाओं की स्क्रीनिंग हो रही है।
क्यों ज्यादा खतरा?
WHO के एक्सपर्ट अहमद रजा हुसैनपूर के मुताबिक गरीब और कम पढ़े-लिखे लोगों में:
- जंक फूड, तंबाकू, शराब का सेवन ज्यादा
- शारीरिक गतिविधि कम, मोटापा ज्यादा
- गांव में रहने वालों को BP की जांच और इलाज तक पहुंच कम
- कम उम्र के युवाओं में BP का पता ही नहीं चलता
WHO ने क्या कहा?
सरकारें तंबाकू, शराब, मीठे पेय पदार्थों पर टैक्स बढ़ाए और गरीब बस्तियों तक सस्ती जांच और इलाज पहुंचाए।
