आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी कॉन्वोकेशन 2026: 506 स्टूडेंट्स को मिली डिग्रियां, 57 परसेंट रहीं महिला ग्रेजुएट्स

Spread the love

जयपुर : आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी के कॉन्वोकेशन 2026 में 506 पोस्ट ग्रेजुएट और पीएचडी स्टूडेंट्स को डिग्रियां दी गईं। इस बैच में 57 परसेंट महिला ग्रेजुएट्स रहीं। हेल्थ मैनेजमेंट, पब्लिक हेल्थ, फार्मास्यूटिकल मैनेजमेंट, हेल्थ एनालिटिक्स और हेल्थ सिस्टम लीडरशिप जैसे क्षेत्रों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी इस बदलाव की बड़ी मिसाल है।

लगातार दूसरे साल भी महिला ग्रेजुएट्स की संख्या पुरुषों से ज्यादा रही। यह हेल्थ मैनेजमेंट एजुकेशन में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और लीडरशिप रोल्स में उनकी मजबूत होती मौजूदगी को दिखाता है।

कॉन्वोकेशन के चीफ गेस्ट डॉ. जितेन्द्र शर्मा रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी के चेयरमैन श्री सुदर्शन जैन ने की। इस मौके पर आईआईएचएमआर के फाउंडर ट्रस्टी डॉ. अशोक अग्रवाल, आईआईएचएमआर के प्रेसिडेंट डॉ. एस. डी. गुप्ता, आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट डॉ. पी. आर. सोडानी, बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट और एकेडमिक काउंसिल के सदस्य, फैकल्टी, एलुमनाई, पैरेंट्स तथा कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।

इस साल ग्रेजुएट्स की संख्या में करीब 20 परसेंट की ग्रोथ दर्ज की गई। साल 2025 में जहां 423 स्टूडेंट्स ने डिग्रियां हासिल की थीं, वहीं इस साल यह संख्या बढ़कर 506 हो गई। यह हेल्थ मैनेजमेंट और पब्लिक हेल्थ एजुकेशन की ओर युवाओं के बढ़ते रुझान को दिखाता है।

एनुअल रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट डॉ. पी. आर. सोडानी ने कहा ,”हमें खुशी है कि इस साल के ग्रेजुएटिंग बैच ने प्लेसमेंट में शानदार प्रदर्शन किया है। कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव में 200 से ज्यादा लीडिंग कंपनियों ने हिस्सा लिया।

सबसे बड़ा एनुअल पैकेज 35.6 लाख रुपये रहा। हमारे स्टूडेंट्स को देश के 17 राज्यों में हॉस्पिटल्स, फार्मा इंडस्ट्री, मेडटेक कंपनियों, हेल्थ एनालिटिक्स, कंसल्टिंग फर्म्स, डेवलपमेंट सेक्टर और सीएसआर संस्थानों में बेहतरीन करियर ऑपर्च्युनिटीज मिली हैं।”

अपने कॉन्वोकेशन एड्रेस में डॉ. जितेन्द्र शर्मा ने स्टूडेंट्स से कहा, “अगर आप हेल्थ सेक्टर की चुनौतियों को सही नजरिए से देखेंगे, तो बदलाव के अनगिनत मौके मिलेंगे। अपने करियर में सिर्फ सैलरी या प्रमोशन को लक्ष्य न बनाएं, बल्कि जीवन का एक बड़ा मकसद तय करें। कैप्टन विक्रम बत्रा के शब्द ‘ये दिल मांगे मोर’ हमेशा याद रखें। ज्यादा जिम्मेदारी उठाने और समाज की सेवा का जज्बा ही आपको एक सच्चा लीडर बनाएगा।”

कॉन्वोकेशन में एमबीए (हॉस्पिटल एंड हेल्थ मैनेजमेंट), एमबीए (फार्मास्यूटिकल मैनेजमेंट), एमबीए (हेल्थकेयर एनालिटिक्स), एमबीए (डेवलपमेंट मैनेजमेंट), मास्टर ऑफ पब्लिक हेल्थ और एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम्स के स्टूडेंट्स को डिग्रियां दी गईं।

सभी कोर्स में एमबीए (हॉस्पिटल एंड हेल्थ मैनेजमेंट) का बैच सबसे बड़ा रहा, जिसमें 226 स्टूडेंट्स ने डिग्री हासिल की। इसके अलावा 13 पीएचडी स्कॉलर्स को पीएचडी की डिग्री दी गई। बेहतरीन एकेडमिक परफॉर्मेंस के लिए यूनिवर्सिटी ने 18 स्टूडेंट्स को प्रतिष्ठित श्री वी. पी. अग्रवाल मेडल से सम्मानित किया। इनमें 9 गोल्ड मेडल और 9 सिल्वर मेडल शामिल रहे। खास बात यह रही कि 18 में से 13 मेडल महिला स्टूडेंट्स ने अपने नाम किए।

admin1

admin1

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *