राजनैतिक दुर्भावना के चलते बनाया गया मामला, गंदी राजनीति बंद हो
महिलाओं ने क्षेत्रीय विधायक पर लगाये गंभीर आरोप
देवरीकलाँ-:देवरी नगरपालिका अध्यक्ष नेहा अलकेश पर महिला पार्षद की शिकायत पर देवरी पुलिस थाने में दर्ज किये गये मामले के विरोध में बड़ी संख्या में महिलाओं ने बिना जांच प्रकरण दर्ज किये जाने का विरोध दर्ज करते हुए एसडीएम को मुख्यमंत्री के नाम सौपकर मामले जांच एवं प्रकरण रद्ध किये की मांग की। ज्ञापन में पूरे मामले को गंदी राजनीति और राजनैतिक द्वेष से प्रेरित बताया गया।
ज्ञापन में कहा गया कि नगर के कुछ पार्षद एवं क्षेत्रीय विधायक द्वारा राजनैतिक दुर्भावना के चलते देवरी थाने में आधारहीन आपराधिक प्रकरण दर्ज करवाकर नगर पालिका अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन का राजनैतिक जीवन समाप्त करने का प्रयास कर रहे है। ज्ञापन में बताया गया कि देवरी थाना पुलिस द्वारा नेहा अलकेश जैन पर दर्ज किये गये प्रकरण में महिला पार्षद द्वारा आरोपित किया गया है कि पीआईसी की बैठकों में पार्षद के हस्ताक्षर अध्यक्ष बनाकर लाभ प्राप्त किया गया है। परंतु थाना पुलिस द्वारा इस संवेदनशील मामले में
नगरपालिका अध्यक्ष के हस्ताक्षर नमूना लिये बगैर ही आपराधिक प्रकरण दर्ज किया गया जो पुलिस प्रशासन की पक्षपात पूर्ण मंशा उजागर करता है। ज्ञापन में कहा गया कि प्रदेश एवं केन्द्र की सरकार द्वारा नारी सशक्तिकरण के लिए चलाये जा रहे अभियानों के बाद भी कई ग्रामीण एवं नगरीय निकायों में उनके पति एवं परिजनों का बोलबाला है। जो महिला के स्थान पर उपस्थिति दर्ज करवाते
है और उनके हस्ताक्षर करते है। ज्ञापन में बताया गया कि रिर्पोटकर्ता महिला पार्षद द्वारा अन्य पार्षदों के साथ अध्यक्ष के विरूद्ध की गई शिकायतों में जो हस्ताक्षर किये गये है वो पीआईसी की बैठकों के हस्ताक्षर नमूनों से मेल खाते परंतु स्थानीय पुलिस द्वारा प्रकरण पंजीबद्ध करने से पूर्व समस्त तथ्यों को दरकिनार कर मनमाफिक कार्रवाई की गई है।
ज्ञापन में कहा गया कि नगर पालिका अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन को पद से हटाने के लिए अनेकों षड़यंत्र किये जा चुके है। जिसमें झूठे आरोप, फर्जी जांच के साथ ही खाली कुर्सी-भरी कुर्सी चुनाव शामिल है। ज्ञापन में मांग की गई कि नगर पालिका अध्यक्ष नेहा अलकेश जैन के विरूद्ध राजनैतिक द्वेष के चलते दर्ज कराये गये प्रकरण वापिस लिये जाये। इस मौके पर बड़ी संख्या में महिलाये एसडीएम कार्यालय पहुँची और हाथ में तख्ती लेकर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री से मामले में जांच एवं कार्रवाई की मांग की।
