गुरुग्राम : एअर इंडिया ने वैश्विक स्तर पर अपनी स्थिति मजबूत करते हुए एशिया के दो प्रमुख देशों—वियतनाम और जापान—के लिए नए अंतरराष्ट्रीय रूट्स और सेवाओं के विस्तार की घोषणा की है। एयरलाइन 1 मई 2026 से दिल्ली और हनोई के बीच नॉन-स्टॉप उड़ानें शुरू करेगी, जबकि 15 जून 2026 से मुंबई और टोक्यो (हनेडा) के बीच सीधी सेवा बहाल की जाएगी।
वियतनाम के लिए ‘ओपन जॉ’ यात्रा की सुविधा: हनोई, हो ची मिन्ह सिटी के बाद वियतनाम में एअर इंडिया का दूसरा गंतव्य बन गया है। दिल्ली-हनोई मार्ग पर सप्ताह में पांच बार ए320 नियो विमान संचालित किया जाएगा, जिससे यात्रियों को वियतनाम के एक शहर में उतरने और दूसरे से वापस आने (ओपन जॉ आइटनेरी) की लचीली सुविधा मिलेगी। इस नई सेवा से हर महीने वियतनाम रूट पर 6,560 अतिरिक्त सीटें उपलब्ध होंगी, जो पर्यटन और व्यापारिक संबंधों को नई गति प्रदान करेंगी।
जापान के लिए प्रीमियम अनुभव और अधिक उड़ानें: जापान जाने वाले यात्रियों के लिए एअर इंडिया ने अपनी सेवाओं को काफी अपग्रेड किया है:
- मुंबई-टोक्यो: 15 जून से सप्ताह में चार बार बोइंग 787-8 विमान के जरिए सीधी उड़ान।
- दिल्ली-टोक्यो: उड़ानों की संख्या को बढ़ाकर दैनिक (सप्ताह में 7 बार) कर दिया गया है। इस रूट पर अब बी787-9 विमान तैनात है, जिसमें पहली बार प्रीमियम इकोनॉमी क्लास और वाई-फाई की सुविधा दी गई है।
- कनेक्टिविटी: ‘ऑल निप्पॉन एयरवेज़’ (ANA) के साथ कोडशेयर समझौते के माध्यम से यात्री टोक्यो से जापान के 6 अन्य बड़े शहरों (जैसे ओसाका, हिरोशिमा) के लिए आसान कनेक्शन पा सकेंगे।
एअर इंडिया के चीफ कमर्शियल ऑफिसर निपुण अग्रवाल ने कहा कि निजीकरण के बाद से एयरलाइन ने दक्षिण-पूर्वी एशिया में अपने नेटवर्क को तेजी से बढ़ाया है। उन्होंने बताया कि जापान और वियतनाम भारतीय पर्यटकों और बिजनेस यात्रियों के पसंदीदा गंतव्य के रूप में उभरे हैं। आंकड़ों के अनुसार, 2025 में 3.15 लाख से अधिक भारतीयों ने जापान की यात्रा की, जो महामारी पूर्व की तुलना में 80% अधिक है।
इन उड़ानों के लिए बुकिंग जल्द ही एअर इंडिया की वेबसाइट, मोबाइल ऐप और अधिकृत ट्रैवल एजेंट्स के माध्यम से शुरू की जाएगी।
