भारत सरकार के ‘स्वच्छता ही सेवा 2026’ अभियान के अंतर्गत राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (क्षे. सं. प्र.), क्षेत्रीय कार्यालय, ग्वालियर तथा इसके अंतर्गत आने वाले उपक्षेत्रीय कार्यालय रतलाम, उज्जैन एवं शिवपुरी में स्वच्छता पखवाड़ा आयोजन किया जा रहा है। अभियान की थीम “स्वच्छता में सहभाग, स्वच्छ भारत – विकसित भारत” है। अभियान का शुभारंभ क्षेत्रीय प्रमुख श्री गजेंद्र सोनी, निदेशक (भारतीय सांख्यिकीय सेवा) द्वारा अधिकारियों एवं कर्मचारियों को स्वच्छता की शपथ दिलाकर किया गया।
स्वच्छता रैली का आयोजन स्वच्छता ही सेवा अभियान के अंतर्गत गतदिवस क्षेत्रीय कार्यालय, ग्वालियर में स्वच्छता रैली का आयोजन किया गया । रैली के माध्यम से स्वच्छता के प्रति जागरूकता, व्यक्तिगत एवं सामूहिक जिम्मेदारी तथा स्वच्छ वातावरण के महत्व का संदेश दिया गया। अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने रैली में सहभागिता करते हुए स्वच्छता को दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने तथा स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संदेश प्रसारित किया। रैली के माध्यम से स्वच्छ भारत, विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए स्वच्छता के प्रति जन-जागरूकता एवं सहभागिता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
पखवाड़े के अंतर्गत कार्यालय में स्वच्छता से संबंधित गतिविधि का आयोजन किया जायेगा। जिसमें कार्यालय परिसर एवं कार्यस्थल में स्वच्छता बनाए रखने, नियमित साफ-सफाई, कचरे के उचित निस्तारण एवं कचरा प्रबंधन, गीले एवं सूखे कचरे के पृथक्करण तथा प्लास्टिक के अनावश्यक उपयोग को कम करने जैसे विषयों पर चर्चा की जायेगी। एक अन्य कार्यक्रम में अनुपयोगी ई-कचरे का पृथक्करण एवं उचित निस्तारण हेतु क्षेत्रीय कार्यालय, ग्वालियर में उपलब्ध इलेक्ट्रॉनिक एवं विद्युत सामग्री का निरीक्षण एवं छंटाई की गई। इस दौरान पुराने एवं अनुपयोगी प्रिंटर कार्ट्रिज, खराब की-बोर्ड, एस.एम.पी.एस. (SMPS) तथा अन्य अनुपयोगी इलेक्ट्रॉनिक सामग्री को चिन्हित कर अलग किया जायेगा। स्वच्छता अभियान 2026 का समापन दिनांक 02 अक्टूबर 2026 को वृक्षा रोपण (एक पेड़ मां के नाम) कर किया जाएगा। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय, क्षेत्रीय कार्यालय, ग्वालियर तथा इसके अधीनस्थ उपक्षेत्रीय कार्यालयों द्वारा ‘स्वच्छता ही सेवा 2026’ अभियान के माध्यम से स्वच्छता के प्रति जागरूकता, सामूहिक सहभागिता एवं जिम्मेदारी की भावना को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है।
