मुंबई : प्रमुख प्राकृतिक संसाधन कंपनी वेदांता लिमिटेड (Vedanta Limited) ने 30 सितंबर 2026 को समाप्त हुई दूसरी तिमाही (Q2 FY27) और छमाही के अपने समेकित वित्तीय परिणामों की घोषणा कर दी है। कंपनी ने अब तक का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए शानदार वित्तीय और परिचालन वृद्धि दर्ज की है।
तिमाही के प्रमुख वित्तीय आंकड़े:
- राजस्व (Revenue): समेकित राजस्व सालाना आधार पर 57% और पिछली तिमाही के मुकाबले 10% बढ़कर ₹25,812 करोड़ के अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
- EBITDA: तिमाही EBITDA 106% की भारी बढ़ोतरी के साथ रिकॉर्ड ₹9,938 करोड़ रहा, जबकि EBITDA मार्जिन मजबूत होकर 60% दर्ज किया गया।
- शुद्ध लाभ (PAT): कर के बाद मुनाफा सालाना आधार पर 151% उछलकर ₹6,202 करोड़ पर पहुंच गया।
- छमाही प्रदर्शन: वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में कुल राजस्व ₹49,268 करोड़ और कुल मुनाफा ₹11,496 करोड़ रहा, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 151% अधिक है।
कर्ज की स्थिति और वित्तीय अनुशासन:
- शुद्ध कर्ज (Net Debt): मजबूत नकदी प्रवाह के चलते नेट डेट पिछली तिमाही के ₹8,299 करोड़ से भारी गिरावट के साथ ₹3,675 करोड़ रह गया है।
- लिवरेज रेशियो: इंडस्ट्री में सबसे बेहतरीन 0.1 गुना का ‘नेट डेट/EBITDA’ अनुपात दर्ज किया गया है।
- लाभांश (Dividend): कंपनी ने शेयरधारकों के लिए प्रति शेयर ₹5 का पहला अंतरिम लाभांश घोषित किया है।
- क्रेडिट रेटिंग: ICRA और CRISIL दोनों ने वेदांता लिमिटेड की रेटिंग को ‘AA+ / स्टेबल’ पर बरकरार रखा है।
परिचालन मुख्य बिंदु (Operational Highlights):
- जिंक इंडिया: तिमाही के दौरान खनन से धातु का उत्पादन 5% बढ़कर 271 किलोटन (KT) और चांदी का उत्पादन 20% बढ़कर 173 टन रहा। जिंक की उत्पादन लागत घटकर सबसे निचले स्तर $703 प्रति टन पर आ गई है।
- जिंक इंटरनेशनल: गैम्सबर्ग चरण 2 (Gamsberg Phase 2) की शुरुआत के साथ 200 KT की नई क्षमता जुड़ी है, जिससे कुल MIC क्षमता बढ़कर 500 KT प्रति वर्ष हो गई है।
- फैकोर (FACOR): ओस्टापाल खदानों से पहली बार भूमिगत अयस्क का सफल खनन किया गया। फेरोक्रोम का उत्पादन सालाना 26% बढ़कर 24 KT रहा।
- ESG पहल: सुरक्षा मानकों में सुधार हुआ है, ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन की तीव्रता घटकर 3.36 tCO₂e/t मेटल रह गई है, और जल पुनर्चक्रण की दर 43% हासिल की गई है।
वेदांता लिमिटेड के कार्यकारी निदेशक अरुण मिश्रा और ग्रुप सीएफओ अजय गोयल ने इस प्रदर्शन पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि कंपनी वित्तीय अनुशासन, लागत दक्षता और विकास परियोजनाओं के बलबूते भविष्य की जरूरतों के लिए पूरी तरह तैयार है।
