मुंबई : भारत के औद्योगिक विकास में अग्रणी भूमिका निभाने वाले गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप के एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। कंपनी को हरियाणा के सिरसा में 98 MWp (70 MW AC) का ओपन-एक्सेस सोलर पावर प्लांट विकसित करने का प्रतिष्ठित ऑर्डर मिला है। यह क्षमता के मामले में इस बिजनेस का अब तक का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट है और वर्तमान में हरियाणा का सबसे बड़ा ओपन-एक्सेस सोलर प्रोजेक्ट भी माना जा रहा है।
यह प्रोजेक्ट ‘हेक्सा क्लाइमेट सॉल्यूशंस’ द्वारा दिया गया है, जिसे गोदरेज टर्नकी आधार पर पूरा करेगा। इस सौर संयंत्र से प्रति वर्ष लगभग 1,470 लाख यूनिट (kWh) स्वच्छ बिजली पैदा होने की उम्मीद है। पर्यावरण संरक्षण के दृष्टिकोण से यह पहल अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे सालाना 75,000 टन से अधिक कार्बन डाइऑक्साइड ($CO_2$) उत्सर्जन कम होगा, जो लगभग 35 लाख पेड़ लगाने के पर्यावरणीय प्रभाव के बराबर है।
प्रोजेक्ट की तकनीकी विशेषताओं पर चर्चा करते हुए गोदरेज एंटरप्राइजेज के एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस के हेड राघवेंद्र मिर्जी ने कहा:
“यह प्रोजेक्ट हमारे लिए गर्व का विषय है और भारत में नवीकरणीय ऊर्जा की दिशा में हमारे योगदान को और मजबूत करता है। हरियाणा का सबसे बड़ा ओपन-एक्सेस सोलर प्रोजेक्ट विकसित करके हम उद्योगों को स्वच्छ ऊर्जा की ओर बढ़ने में मदद कर रहे हैं। यह न केवल हरित ऊर्जा को बढ़ावा देगा बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा करेगा।”
इस सौर संयंत्र में बिजली उत्पादन की दक्षता बढ़ाने के लिए अत्याधुनिक बाइफेशियल TopCon मॉड्यूल, स्ट्रिंग इनवर्टर और स्मार्ट मॉनिटरिंग तकनीक का उपयोग किया जाएगा। गोदरेज एंटरप्राइजेज पहले ही भारत में 98 MWp के सोलर प्रोजेक्ट्स सफलतापूर्वक पूरे कर चुका है। इस नए ऑर्डर के साथ कंपनी ने नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) के क्षेत्र में एक भरोसेमंद साझेदार के रूप में अपनी स्थिति को और सुदृढ़ कर लिया है, जो देश के स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायक सिद्ध होगा।
प्रोजेक्ट के मुख्य बिंदु:
- क्षमता: 98 MWp (हरियाणा का सबसे बड़ा ओपन-एक्सेस प्रोजेक्ट)।
- स्थान: सिरसा, हरियाणा।
- पर्यावरणीय प्रभाव: सालाना 75,000 टन $CO_2$ उत्सर्जन में कमी।
- तकनीक: बाइफेशियल TopCon मॉड्यूल और स्मार्ट मॉनिटरिंग।
